दीपोत्सव के बहाने CM योगी का सपा पर तीखा तंज, कहा- पहले सैफई में दिखता था परिवार का वैभव

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दीपोत्सव-2026 के आयोजन को लेकर समाजवादी पार्टी पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2017 से पहले सत्ता में बैठे लोगों की सांस्कृतिक सोच सैफई महोत्सव में अपने परिवार का वैभव दिखाने तक सीमित थी। अयोध्या की महान विरासत उनकी प्राथमिकता में नहीं थी। मुख्यमंत्री ने कहा, ”उनके लिए परिवार ही प्रदेश था, हमारे लिए पूरा प्रदेश ही परिवार है।”
बुधवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में डबल इंजन सरकार ने अयोध्या की सांस्कृतिक पहचान को नया गौरव दिया है। आज दीपोत्सव सिर्फ दीपों का उत्सव नहीं, बल्कि करोड़ों रामभक्तों की आस्था, आधुनिक तकनीक और भारत की सनातन विरासत का संगम बन गया है।
दीपोत्सव बना दुनिया के लिए सांस्कृतिक रामसेतु
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि श्री अयोध्या जी का दीपोत्सव आज भारत और विश्व के बीच एक अद्भुत सांस्कृतिक रामसेतु बन गया है। श्रीलंका, दक्षिण अफ्रीका, इंडोनेशिया और थाईलैंड सहित विभिन्न देशों के कलाकार अपनी भाषा और परंपराओं में रामकथा को जीवंत करते हैं। उन्होंने कहा कि जैसे अनेक नदियां एक ही सागर में मिलती हैं, वैसे ही अलग-अलग संस्कृतियों की धाराएं अयोध्या में आकर एक ही रामत्व में समाहित हो जाती हैं। आधुनिक तकनीक इस सांस्कृतिक संगम को और भव्य बना रही है। साथ ही नई पीढ़ी को अपनी गौरवशाली विरासत से जोड़ने का काम कर रही है।
सैफई महोत्सव को लेकर सपा पर साधा निशाना
सीएम योगी ने अपने पोस्ट में समाजवादी पार्टी की पिछली सरकार पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा कि वर्ष 2017 से पहले सत्ता में बैठे लोगों की सांस्कृतिक सोच सैफई महोत्सव में अपने परिवार का वैभव दिखाने तक सीमित थी। अयोध्या की महान सांस्कृतिक विरासत उनकी प्राथमिकता में नहीं थी। मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘प्रदेश ही परिवार है’ की सोच के साथ सरकार ने अयोध्या को उसकी सांस्कृतिक पहचान का नया गौरव दिलाया है। दीपोत्सव की भव्यता अब देश ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया तक पहुंच रही है।
राम की पैड़ी पर 7 नवंबर को होगा मुख्य आयोजन
दीपोत्सव-2026 के तहत अयोध्या में परंपरागत दीपों की रोशनी के साथ आधुनिक तकनीक का संगम देखने को मिलेगा। राम की पैड़ी पर सात नवंबर को होने वाले मुख्य आयोजन में मल्टीमीडिया प्रोजेक्शन, लेजर शो और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां आकर्षण का केंद्र होंगी। उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग की ओर से आयोजित कार्यक्रम में 100 से अधिक भारतीय लोक और शास्त्रीय कलाकार प्रस्तुति देंगे। कलाकारों की वेशभूषा दीपोत्सव की थीम और सांस्कृतिक परंपराओं पर आधारित होगी।
नृत्य, संगीत और रोशनी से जीवंत होगी श्रीराम के आगमन की कथा
मुख्य आयोजन में कहानी, नृत्य, संगीत, वॉयस ओवर और प्रकाश प्रभावों के समन्वय से भगवान श्रीराम के अयोध्या आगमन की कथा क्रमबद्ध ढंग से प्रस्तुत की जाएगी। इसके लिए हिंदी में पटकथा तैयार की गई है। कार्यक्रम को नाटकीय रूप देने की जिम्मेदारी प्रसिद्ध या राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त क्रिएटिव डायरेक्टर अथवा स्क्रिप्ट राइटर के निर्देशन में होगी।



