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भारत-अमेरिका ट्रेड डील पर ट्रंप का बड़ा बयान, बोले-‘पहले के सभी समझौतों से बिल्कुल अलग होगा करार’

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वाशिंगटन। भारत और अमेरिका के बीच प्रस्तावित व्यापार समझौते को लेकर बातचीत तेज हो गई है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि दोनों देश व्यापार समझौते के काफी करीब पहुंच चुके हैं और यह करार पहले किए गए समझौतों से काफी अलग होगा। इस बीच, भारत और अमेरिका के विदेश मंत्रियों की मुंबई में हुई मुलाकात में व्यापार, ऊर्जा, तकनीक और रक्षा सहयोग को मजबूत करने पर चर्चा हुई।

ट्रंप बोले- भारत के साथ समझौता करीब

मंगलवार को ओवल ऑफिस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान ट्रंप ने भारत के साथ व्यापार समझौते को लेकर पूछे गए सवाल के जवाब में कहा, “वे (भारत) समझौता करना चाहते हैं। हम समझौता करेंगे। हां, हम इसके काफी करीब हैं।

व्यापार समझौते पर बातचीत जारी

भारत और अमेरिका ने फरवरी में द्विपक्षीय व्यापार समझौते (बीटीए) के पहले चरण की रूपरेखा को अंतिम रूप देने की घोषणा की थी। हालांकि, अमेरिका की शुल्क नीतियों में बदलाव के कारण समझौते को लेकर बातचीत आगे भी जारी रही। भारत के वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने इस महीने की शुरुआत में मिल्वॉकी और वाशिंगटन में अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि जैमीसन ग्रीर से मुलाकात कर समझौते की बारीकियों पर चर्चा की थी। अब ट्रंप के ताजा बयान से इस प्रस्तावित करार को लेकर फिर से ध्यान केंद्रित हुआ है। हालांकि, समझौते की अंतिम शर्तों और व्यापारिक रियायतों को लेकर अभी आधिकारिक विवरण सामने आना बाकी है।

जयशंकर और रुबियो की मुंबई में मुलाकात

विदेश मंत्री एस. जयशंकर और अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने मंगलवार को मुंबई में मुलाकात की। इस दौरान दोनों नेताओं ने भारत-अमेरिका संबंधों को और मजबूत बनाने के उपायों पर चर्चा की। जयशंकर ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में बताया कि बातचीत में व्यापार, ऊर्जा, तकनीक, रक्षा और दोनों देशों के लोगों के बीच संपर्क बढ़ाने जैसे मुद्दे प्रमुख रहे। दोनों नेताओं ने क्षेत्रीय घटनाक्रमों पर भी विचार साझा किए।

ऊर्जा और रक्षा सहयोग बढ़ाने पर जोर

अमेरिकी विदेश विभाग के अनुसार, बैठक में भारत की ऊर्जा जरूरतों, अमेरिका से ऊर्जा व्यापार बढ़ाने, रक्षा सहयोग और नागरिक परमाणु क्षेत्र में हुई प्रगति पर भी चर्चा हुई। रुबियो ने कहा कि अमेरिका के साथ ऊर्जा व्यापार बढ़ने से भारत को ऊर्जा आपूर्ति के विभिन्न स्रोत विकसित करने और अपनी बड़ी उपभोक्ता मांग पूरी करने में मदद मिल सकती है। अमेरिकी विदेश विभाग के बयान के मुताबिक, रुबियो ने भारत और अमेरिका के बीच रक्षा तथा नागरिक परमाणु सहयोग में हुई प्रगति की सराहना की। उन्होंने दोनों देशों की सुरक्षा और समृद्धि को बढ़ावा देने के लिए अमेरिकी तकनीक और प्रणालियों की खरीद बढ़ाने की भी वकालत की।

भारत, अमेरिका और यूएई के बीच त्रिपक्षीय बैठक

जयशंकर ने अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के उप प्रधानमंत्री एवं विदेश मंत्री अब्दुल्ला बिन जायद के साथ त्रिपक्षीय बैठक भी की। जयशंकर के अनुसार, इस बैठक में ऊर्जा, संपर्क व्यवस्था और मौजूदा क्षेत्रीय घटनाक्रमों पर उपयोगी चर्चा हुई। भारत-अमेरिका के बीच व्यापार समझौते को लेकर जारी बातचीत और मुंबई में हुई उच्चस्तरीय बैठकों से दोनों देशों के आर्थिक एवं रणनीतिक संबंधों में सहयोग के विभिन्न क्षेत्रों पर जोर सामने आया है। हालांकि, प्रस्तावित व्यापार समझौते की अंतिम शर्तों और उसके संभावित प्रभावों को लेकर स्पष्ट जानकारी का इंतजार है।

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