अनंत सिंह ने बदला नीतीश कुमार पर दिया बयान, बोले- हमारे नौ लोगों की हुई थी हत्या

शशिभूषण कुंवर/ पटना। सुबह कहा- जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष व पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के लिए नौ मर्डर कराए, शाम को जदयू विधायक अनंत सिंह ने अपना बदला बयान; बोले- हमारे नौ लोगों की हत्या हुई थी। मोकामा के जदयू विधायक अनंत सिंह ने शुक्रवार दोपहर में जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष व पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को लेकर दिए अपने सनसनीखेज बयान को शाम होते-होते सुधार लिया। सुबह उन्होंने दावा किया था कि जब नीतीश कुमार कुछ नहीं थे और इधर-उधर घूमा करते थे, तब उन्होंने उनके लिए नौ मर्डर कराए थे। हालांकि, शाम को जब फिर मीडिया के सामने आये और उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद की सरकार से अलग हुए , तब उनके नौ लोगों की हत्या हो गई थी। अनंत सिंह के दोनों बयानों में अंतर सामने आने के बाद बिहार की सियासत में इस मुद्दे पर चर्चा तेज हो गई है। सुबह के बयान में उन्होंने नौ हत्याएं कराने की बात कही थी, जबकि शाम को उन्होंने अपने लोगों की हत्या होने का दावा किया।
विधायक ने कहा कि जब लालू प्रसाद और नीतीश कुमार साथ में थे। नीतीश कुमार ने जब लालू प्रसाद का साथ छोड़ा और उनसे मदद मांगने के लिए वर्तमान केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन प्रसाद सिंह उर्फ ललन सिंह के साथ मुझसे मिलने आए थे। मैंने उनको तब से लगातार मदद किया। इसका खामियाजा उनको भुगतना पड़ा। लालू-राबड़ी के शासनकाल में उनके नौ लोगों की हत्या करा दी गयी। उस वक्त उनको भी गोली लगी । उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार के लिए और पार्टी के लिए उन्होंने जितना किया उतना कोई नहीं कर सकता है।
दरअसल, बिहार विधान परिषद चुनाव को लेकर पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में जदयू प्रत्याशी नीरज कुमार और मोकामा विधायक अनंत सिंह के बीच राजनीतिक टकराव लगातार बढ़ता जा रहा है। पार्टी के भीतर शुरू हुआ यह विवाद अब खुलकर सामने आ गया है। मोकामा विधायक अनंत सिंह अपनी ही पार्टी के प्रत्याशी नीरज कुमार के समर्थन में खड़े होने के बजाय उनके विरोध में प्रचार कर रहे हैं। वे प्रशांत किशोर की पार्टी जनसुराज के प्रत्याशी अनुज कुमार सिंह के पक्ष में सभाएं और रैलियां कर रहे हैं। साथ ही, मतदाताओं से उनके पक्ष में वोट देने की अपील भी कर रहे हैं।
अनंत सिंह ने अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा था कि उन्हें न मरने का डर है और न ही जीने की खुशी। उनका कहना है कि उन्होंने पार्टी के लिए जितनी कुर्बानी दी है, उतनी किसी दूसरे ने नहीं दी। अनंत सिंह ने अपने बयान में नीतीश कुमार के साथ पुराने राजनीतिक संबंधों और पार्टी के लिए किए गए अपने योगदान का जिक्र किया। उन्होंने दोपहर में दावा किया था कि नीतीश कुमार के राजनीतिक रूप से कमजोर दौर में उन्होंने उनके लिए नौ हत्याएं कराईं। उन्होंने यह भी कहा कि वे जदयू को अपनी पार्टी मानते हैं, लेकिन पार्टी उन्हें किस नजर से देखती है, यह वे नहीं जानते।
अनंत सिंह ने नीरज कुमार का नाम लिए बिना मोबाइल पर गाली देने से जुड़ी टिप्पणी भी की। उनके इस बयान को पार्टी के भीतर चल रही खींचतान से जोड़कर देखा जा रहा है। गौरतलब है कि अनंत सिंह पहले से ही नीरज कुमार पर गंभीर आरोप लगाते रहे हैं। उनका आरोप है कि नीरज कुमार ने उन्हें एके -47 मामले में फंसाने का काम किया।
पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव में जदयू के दो नेताओं के बीच बढ़ती तल्खी ने पार्टी की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। एक ओर पार्टी के आधिकारिक प्रत्याशी नीरज कुमार हैं, तो दूसरी ओर उसी पार्टी के विधायक अनंत सिंह जनसुराज के उम्मीदवार के पक्ष में प्रचार कर रहे हैं। अनंत सिंह के ताजा बयान ने इस विवाद को एक नया राजनीतिक मोड़ दे दिया है। पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को लेकर दिए गए उनके बयान के बाद अब सबकी नजर इस बात पर है कि जदयू नेतृत्व इस पूरे मामले पर क्या रुख अपनाता है और पार्टी के भीतर बढ़ती नाराजगी को शांत करने के लिए क्या कदम उठाता है।



